किडनी नहीं होगी खराब, जानें किडनी के लिए क्या सही और क्या गलत | health – News in Hindi

0
19
.
किडनी शरीर के सभी अंगों को सुचारू रूप से चलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है. किडनी शरीर की सभी प्रकार की गंदगी को निकालने का कार्य करती है, जिससे शरीर के किसी भी अंग को कोई नुकसान होने का खतरा नहीं रहता है. यदि किडनी में किसी भी प्रकार की खराबी आ जाए तो कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. किडनी में खराबी के कई कारण हो सकते हैं, आइए जानते हैं

घातक हो सकता है यूरिन रोकना

यूरिन आने पर रोकना सही नहीं है. अधिकतर लोग यूरिन रोकने की आदत से मजबूर होते है. इससे किडनी पर दबाव बढ़ता है, जो सीधा-सीधा किडनी को नुकसान पहुंचा सकता है. यूरिनरी ब्लैडर शरीर का बहुत छोटा गोल अंग है. जिसकी दीवार इतनी लचीली होती है कि यह अपशिष्ट के साथ फैल जाती है. किडनी से निकलने वाला तरल यहां इकट्ठा होता है. यूरिनरी ब्लैडर भरने पर दिमाग को संकेत मिलते हैं. ज्यादा देर पेशाब रोकने से मूत्रमार्ग में संक्रमण का खतरा रहता है.

नमक का अधिक सेवनmyUpchar से जुड़े डॉ. लक्ष्मीदत्ता शुक्ला के अनुसार, अपने आहार में अधिक नमक डालने की आदत के कारण भी किडनी खराब होने की आशंका रहती है. क्योंकि ज्यादा नमक खाने से किडनी का फिल्ट्रेशन ठीक से नहीं हो पाता है. खाने में नमक कम डालना चाहिए और खाना खाते समय कभी भी ऊपर से नमक नहीं डालना चाहिए.

कम पानी पीने की आदत

पानी कम पीने की आदत से किडनी में संक्रमण का खतरा बढ़ता है. ऐसे में किडनी में पथरी होने का खतरा भी बढ़ जाता है. किडनी में पथरी होने पर यह शरीर के लिए अधिक खतरनाक हो सकता है. किडनी को स्वस्थ रखने के लिए रोज 5 से 6 लीटर पानी जरूर पीना चाहिए.

धूम्रपान की आदत

myUpchar से जुड़े डॉ. लक्ष्मीदत्त शुक्ला के अनुसार, जो लोग अधिक धूम्रपान करते हैं उनकी भी किडनी खराब हो सकती हैं. क्योंकि धूम्रपान करने से फेफड़ों और रक्त नलिकाओं में प्रवाह रुकता है, जिस वजह से किडनी में रक्त ठीक तरह से नहीं पहुंच पाता है. इससे फिल्ट्रेशन की प्रक्रिया पर प्रभाव पड़ता है. धूम्रपान की आदत से बचना चाहिए.

डायबिटीज से प्रभाव

डायबिटीज मरीजों में 30 फीसद तक किडनी से संबंधित बीमारियां होने की आशंका होती है. इसका मुख्य कारण है ब्लड में शुगर के लेवल का उतार-चढ़ाव. अधिकतर किडनी की समस्याएं उन डायबिटिक मरीजों में ज्यादा देखने को मिलती हैं, जिन्हें इस बीमारी के साथ 15 साल से अधिक हो गए हों. इसके लिए संतुलित खानपान और स्वस्थ जीवनशैली बेहद आवश्यक है.

पेन किलर्स का अधिक इस्तेमाल

जिन लोगों को थोड़ी भी परेशानी होने पर पेन किलर लेने की आदत होती है, उन्हें भी किडनी संबंधित परेशानियां हो सकती हैं, इसलिए ऐसी दवाओं से बचना चाहिए. पेन किलर में कुछ ऐसे एस्टेराइड होते हैं, जिनकी अधिक मात्रा किडनी के लिए हानिकारक होती है. डॉक्टर की सलाह लेकर ही दर्दनाशक दवाओं का सेवन करना चाहिए. (अधिक जानकारी के लिए हमारा आर्टिकल, किडनी रोग के कारण, बचाव, इलाज, परहेज, क्या खाएं और दवा पढ़ें।)  (न्यूज18 पर स्वास्थ्य संबंधी लेख myUpchar.com द्वारा लिखे जाते हैं। सत्यापित स्वास्थ्य संबंधी खबरों के लिए myUpchar देश का सबसे पहला और बड़ा स्त्रोत है। myUpchar में शोधकर्ता और पत्रकार, डॉक्टरों के साथ मिलकर आपके लिए स्वास्थ्य से जुड़ी सभी जानकारियां लेकर आते हैं।)

अस्वीकरण : इस लेख में दी गयी जानकारी कुछ खास स्वास्थ्य स्थितियों और उनके संभावित उपचार के संबंध में शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। यह किसी योग्य और लाइसेंस प्राप्त चिकित्सक द्वारा दी जाने वाली स्वास्थ्य सेवा, जांच, निदान और इलाज का विकल्प नहीं है। यदि आप, आपका बच्चा या कोई करीबी ऐसी किसी स्वास्थ्य समस्या का सामना कर रहा है, जिसके बारे में यहां बताया गया है तो जल्द से जल्द डॉक्टर से संपर्क करें। यहां पर दी गयी जानकारी का उपयोग किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या या बीमारी के निदान या उपचार के लिए बिना विशेषज्ञ की सलाह के ना करें। यदि आप ऐसा करते हैं तो ऐसी स्थिति में आपको होने वाले किसी भी तरह से संभावित नुकसान के लिए ना तो myUpchar और ना ही News18 जिम्मेदार होगा।



Source link

Authors

.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here