25000 passengers traveled in three days on the journey of Lucknow Metro; Income of eight lakh rupees, passengers are also getting support | लखनऊ मेट्रो में तीन दिन में 25000 यात्रियों ने किया सफर; आठ लाख रुपए की हुई आमदनी, यात्रियों का भी मिल रहा सहयोग

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लखनऊ13 मिनट पहले

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यूपी की राजधानी लखनऊ में मेट्रो की सेवा शुरू हो गई है। हालांकि महामारी की वजह से पहले की तुलना में यात्रियाों की संख्या काफी कम देखने को मिल रही है।

  • कोविड से पहले आम दिनों में 50 से 60 हजार लोग मेट्रो का करते थे सफर, 40 से 50 लाख होती थी आमदनी
  • सोशल डिस्टेंसिंग के सुरक्षा चक्र के साथ हो रहा लखनऊ मेट्रो का संचालन, यात्रियों का भी मिल रहा समर्थन

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में कोरोना महामारी के बीच शुरू हुई मेट्रो सेवा के तीन में करीब 25 हजार टिकट बिके। मेट्रो के प्रशासनिक अधिकारियों का दावा इस हिसाब से आठ लाख रुपये औसतन आमदनी होने का अनुमान है। वहीं उनका यह कहना हैं कि कोरोना महामारी के पहले आम दिनों में यह आमदनी 40 से 50 लाख तक हुआ करती थी। इस दौरान 50 से 60 हजार टिकट तक बिक जाए करते थे।

एलएमआरसी के प्रवक्ता पंचानन मिश्रा कहना है कि, लखनऊ वासी 7 सितम्बर से शुरू हुई मेट्रो सेवा से अब तक यह देखने को मिला कि यात्री कोरोना प्रोटोकॉल के बचाव के लिए सोशल डिस्टेंसिंग के सुरक्षा चक्र का पालन कर रहे हैं।

यात्रियों के भरोसे पर खरा उतरे की कोशिश

उन्होंने बताया कि, यात्रियों को सुरक्षा और सहूलियतभरा सफ़र मुहैया कराने के अपने वादे पर लखनऊ मेट्रो हमेशा ही खरा उतरती आई है और यही वजह है कि लखनऊ मेट्रो नाम बन चुका है, एक भरोसे का। लखनऊ मेट्रो ने चौधरी चरण सिंह एयरपोर्ट से लेकर मुंशी पुलिया तक संपूर्ण उत्तर-दक्षिण कॉरिडोर पर मेट्रो सेवाएं सात सितंबर से फिर शुरू की हैं। सात सितंबर के शाम तक 7 हजार के करीब यात्रियों आए थे। उन्होंने कहा मौजूदा दौर में यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी इंतजाम भी पुख़्ता हैं।

लखनऊ मेट्रो के सभी स्टेशनों और ट्रेनों में मौजूद सुरक्षा व्यवस्थाओं के बल पर यात्रियों का लखनऊ मेट्रो पर भरोसा और भी मज़बूत होता नज़र आ रहा है। राइडरशिप के आंकड़ों में धीरे-धीरे इज़ाफ़ा हो रहा है और शहरवासी शहर में यात्रा करने के लिए सार्वजनिक यातायात के अन्य साधनों के अपेक्षा लखनऊ मेट्रो की सुरक्षित, सुविधाजनक और कॉन्टैक्ट-लेस यात्रा का चुनाव कर रहे हैं।

सोशल डिस्टेंसिंग में सहयोग दे रहे यात्री

लोगों के इस भरोसे के पीछे, लखनऊ मेट्रो के स्टेशनों और ट्रेनों में मौजूद सोशल डिस्टेंसिंग के लिए गई मार्किंग की व्यवस्था की अहम भूमिका है। स्टेशनों में यात्रियों के जमा होने वाले सभी स्थानों पर सोशल डिस्टेंन्सिंग के लिए मार्किंग मौजूद है, जिससे सभी यात्रियों को एक-दूसरे से शारीरिक दूरी बनाए रखने में मदद मिलती है।

यात्रियों की सुरक्षा सर्वोपरि- एमडी

यूपीएमआरसी के प्रबंध निदेशक, कुमार केशव का कहना है, “यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा हमारे लिए सर्वोपरि है और मेट्रो के संचालन और सोशल डिस्टेंसिंग के पालन में यात्रियों का पूरा सहयोग भी मिल रहा है। यात्रियों को एक सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव प्रदान करने के लिए हमने मेट्रो तंत्र में सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की हैं। लखनऊ मेट्रो ने सोशल डिस्टेंसिंग, स्वच्छता और सैनिटाइजेशन पर विशेष ध्यान देते हुए, यात्रियों को एक पूर्णतया कॉन्टैक्ट-लेस और कैशलेस यात्रा का अनुभव प्रदान करने के लिए सभी ज़रूरी इंतजाम किए हैं।

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